
राजधानी Delhi में रहने वाले आम लोगों के लिए जीवन दिन-ब-दिन महंगा होता जा रहा है। खासकर रसोई गैस यानी LPG की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी ने घरेलू बजट को बुरी तरह प्रभावित किया है। यही वजह है कि अब कई परिवार दिल्ली छोड़कर छोटे शहरों या अपने गांवों की ओर वापस जाने का फैसला कर रहे हैं।
आज दिल्ली में गैस 400 रुपये किलो मिल रही ब्लैक में। आज दिल्ली अपने सीएम जा पूछ रही है ये है अच्छे दिन या अभी या आने बाकी है
पिछले कुछ वर्षों में LPG सिलेंडर के दामों में तेजी से इजाफा हुआ है। जहां पहले गैस सिलेंडर आम आदमी की पहुंच में था, वहीं अब यह एक बड़ा खर्च बन चुका है। मिडिल क्लास और गरीब वर्ग के लिए हर महीने गैस भरवाना आसान नहीं रह गया है। कई परिवारों को अपने खर्चों में कटौती करनी पड़ रही है, लेकिन इसके बावजूद स्थिति संभालना मुश्किल हो रहा है।
इसके साथ ही LPG पर मिलने वाली सब्सिडी भी पहले की तुलना में काफी कम हो गई है। कई उपभोक्ताओं को अब सब्सिडी का लाभ नहीं मिल रहा या बहुत सीमित मात्रा में मिल रहा है। इससे लोगों का आर्थिक बोझ और बढ़ गया है। पहले जहां गैस सिलेंडर पर मिलने वाली राहत से कुछ सहूलियत मिल जाती थी, अब वह सहारा भी खत्म होता दिख रहा है।
दिल्ली के कई इलाकों में गैस सिलेंडर की सप्लाई में भी देरी की शिकायतें सामने आ रही हैं। लोगों को सिलेंडर बुक करने के बाद कई दिनों तक इंतजार करना पड़ता है। इससे रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित होती है और लोगों को वैकल्पिक ईंधन का सहारा लेना पड़ता है, जो या तो महंगा होता है या स्वास्थ्य के लिए हानिकारक साबित हो सकता है।
महंगाई सिर्फ LPG तक सीमित नहीं है। किराया, बिजली बिल, पानी, परिवहन और खाने-पीने की चीजों के दाम भी लगातार बढ़ रहे हैं। ऐसे में दिल्ली जैसे बड़े शहर में रहना आम आदमी के लिए चुनौती बनता जा रहा है। खासकर वे लोग जो किराए के मकानों में रहते हैं, उनके लिए खर्चों का बोझ और ज्यादा बढ़ गया है।
इन परिस्थितियों में कई परिवार यह सोचने पर मजबूर हो गए हैं कि क्या दिल्ली में रहना अब उनके लिए सही विकल्प है। कुछ लोग अपने गांव लौट रहे हैं, जहां जीवन यापन का खर्च अपेक्षाकृत कम है। वहीं कुछ लोग छोटे शहरों की ओर रुख कर रहे हैं, जहां रोजगार के साथ-साथ खर्च भी नियंत्रित रहता है।
हालांकि यह कहना सही नहीं होगा कि सिर्फ LPG की वजह से ही लोग दिल्ली छोड़ रहे हैं, लेकिन यह एक महत्वपूर्ण कारण जरूर बन गया है। महंगाई, बेरोजगारी, बढ़ता खर्च और सुविधाओं की कमी जैसे कई कारक मिलकर लोगों को यह बड़ा फैसला लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर जल्द ही महंगाई पर नियंत्रण नहीं किया गया और LPG जैसी जरूरी सुविधाओं को सस्ता नहीं बनाया गया, तो आने वाले समय में बड़े शहरों से पलायन की यह स्थिति और गंभीर हो सकती है।

